मालदीव को भारत की सहायता : महामारी के बीच एक बड़ा भरोसा

वैश्विक महामारी के बीच, पड़ोसी देशों की विशेष सम-आर्थिक आवश्यकताओं को संबोधित करने के लिए भारत की विकासपरक सहायता जारी है| इस सप्ताह, भारत ने मालदीव के 61 द्वीपों को आउटडोर फ़िटनेस उपकरण दिये| मालदीव को दिया गया फ़िटनेस उपकरण मार्च 2019 में मालदीव के राष्ट्रपति, इब्राहिम मोहम्मद सोलिह की भारत यात्रा के दौरान घोषित पूरे मालदीव में सम-आर्थिक विकास परियोजनाओं के लिए भारत के सहायता अनुदान के हिस्से के रूप में था| सम-आर्थिक विकास परियोजनाओं के क्रियान्वयन के लिए 6॰9 मिलियन अमरीकी डॉलर के एक नक़द अनुदान तथा स्थानीय निकायों के माध्यम से उच्च प्रभाव की समुदाय विकास परियोजनाओं के क्रियान्वयन के लिए 5॰5 मिलियन अमरीकी डॉलर के सहायता अनुदान प्रदान करने पर भारत सहमत हुआ था|

इस अवसर पर बोलते हुए, मालदीव संसद के अध्यक्ष, मोहम्मद नशीद ने भारत के साथ मालदीव के सम्बन्धों के महत्व को रेखांकित किया| उन्होंने कहा कि “अगर मालदीव भारत के साथ निकटतम सम्बन्धों को तोड़ देता है, तो इसका विकास बाधित हो सकता है|” उन्होंने भारत जैसे पड़ोसियों तथा निकटतम सहयोगियों के साथ निपटते हुए अन्य नेताओं को संवेदनशील रहने तथा बुद्धिमानीपूर्ण निर्णय लेने के लिए प्रेरित किया|” विदेश मंत्री, अब्दुल्ला शाहिद ने कहा कि “इस परियोजना में समुदाय के सशक्त सम्बन्धों में पुनः जान डालने तथा द्वीप के समुदाय के सम्बन्धों को सशक्त करने तथा स्वस्थ जीवनशैली को बढ़ावा देने में मदद करने की संभावना है|” इस परियोजना की “व्यापक भौगोलिक पहुँच तथा अनुदान परियोजनाओं के लाभार्थियों से मालदीव की सरकार के साथ द्वीपों में रहनेवाली आबादी तक बनी पहुँच के कारण भारत को मदद मिलने की आशा की जा रही है| चार महीने की समय-सीमा में भारत मालदीव के 68 द्वीपों में बच्चों के लिए पार्क विकसित करने में सहायता करने की भी योजना बना रहा है|

प्रवाल द्वीप का सम-आर्थिक विकास राष्ट्रपति, इब्राहिम मोहम्मद सोलिह की सरकार का एक महत्वपूर्ण चुनावी वादा रहा है तथा भारत के सहायता अनुदान से इस दिशा में प्रयास किए जा रहे हैं| नवंबर 2018 में मालदीव में सरकार के परिवर्तन के बाद, भारत तथा मालदीव के बीच के द्विपक्षीय सम्बन्धों में एक स्पष्ट परिवर्तन आया है| उच्च स्तरीय यात्राओं ने द्विपक्षीय सम्बन्धों को फिर से सुदृढ़ बनाने में मदद दी है| भारत ने 1॰4 बिलियन डॉलर की वित्तीय सहायता तथा 800 मिलियन डॉलर के ऋण के अंतर्गत नए विकासात्मक कार्य की घोषणा की| हाल के वर्षों में हितों तथा दृष्टिकोण की समानता द्विपक्षीय सम्बन्धों में एक बढ़त की तरह है| वैश्विक महामारी के बीच सहमतिवाली परियोजनाओं का क्रियान्वयन भी दोनों देशों के बीच के गहरे सम्बन्धों को रेखांकित करता है|

कोरोनावायरस के प्रसार को नियंत्रित करने के लिए मालदीव प्रयास कर रहा है| मालदीव में 2,800 से अधिक पुष्ट मामलों की ख़बर है| हिन्द महासागर में फैले मालदीव के लगभग 1,000 द्वीपों में रहनेवाले लोगों तक पहुँचना एक कठिन कार्य है तथा मालदीव की सरकार ने इस स्वास्थ्य संकट से निपटने के लिए सरकार और समुदाय के स्तर पर कई पहल की है| इन द्वीपों के प्रति पर्यटकों का आकर्षण आय का मुख्य स्रोत है|

मालदीव के प्राकृतिक आपदाओं में प्रतिक्रिया दिखानेवाला भारत पहला देश रहा है| जनवरी 2020 में, आपात स्थिति के आधार पर भारत ने मालदीव को खसरा टीके के 30,000 ख़ुराक दिये| कोविड-19 के प्रसार के बाद, सागर अभियान के हिस्से के रूप में 600 टन खाद्य आपूर्ति के साथ मई 2020 में भारत ने मालदीव को चिकित्सीय सहायता भी भेजी| क्षेत्र में फैली महामारी पर चर्चा करने के लिए मालदीव ने दक्षिण एशियाई क्षेत्रीय सहयोग संगठन (सार्क) के नेताओं की बैठक में भागीदारी की|

राष्ट्रपति सोलिह ने बल देते हुए कहा कि पर्यटन और निर्यातों पर निर्भरता के कारण इस द्वीप को आर्थिक कठिनाइयों का सामना करना होगा| विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यू॰टी॰ओ॰) ने अनुमान लगाया है कि 2020 में वैश्विक व्यापार में 13 से 32 प्रतिशत तक गिरावट आएगी| मालदीव की अर्थव्यवस्था विश्व व्यापार तथा वाणिज्य की अशांति के कारण विशेष रूप से संवेदनशील है| इसलिए, अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष (आई॰एम॰एफ़॰) ने भुगतान संतुलन तथा राजकोषीय आवश्यकताओं को पूरा करने में मदद करने के लिए तीव्र ऋण सुविधा (आर॰सी॰एफ़) के अंतर्गत 28॰9 मिलियन अमरीकी डॉलर के भुगतान को अनुमोदित किया है|

ऐसी भी ख़बर है कि भारत मालदीव के साथ एक एयर बबल या एक एयर यात्रा पुल को स्थापित कर रहा है, जो मालदीव के पर्यटन राजस्व में सहायक हो सकता है| अपनी अर्थव्यवस्था पर वैश्विक महामारी के प्रभाव को कम करने के लिए विदेश नीति की रणनीति तथा वरीयताओं पर यह फिर से विचार भी कर रहा है| व्यापार तथा निवेश को बढ़ाने के लिए यह और अवसरों को तलाशेगा| इस द्वीप राष्ट्र में सहमतिवाली परियोजनाओं के तीव्र क्रियान्वयन से माले को अत्यधिक क्षमता हासिल करने में भारत मदद करने की कोशिश करेगा| वैश्विक महामारी के परिदृश्य में, बड़ी शक्तियों के बीच टकराव की स्थिति तथा भारत और चीन के बीच के द्विपक्षीय तनाव भारत तथा मालदीव के बीच के सहयोग को निर्धारित करनेवाले अन्य कारक हैं|






आलेख – डॉ॰ एम॰ समाथा, हिन्द महासागर क्षेत्र मामलों के रणनीतिक विश्लेषक 

अनुवाद – मनोज कुमार चौधरी

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